राजस्थान राशन कार्ड में नए सदस्य का नाम कैसे जोड़े

भारत में सब्सिडी वाले खाद्य पदार्थो का लाभ प्राप्त करने के लिए, आपको जिस दस्तावेज की आवश्यकता होती है वह राशन कार्ड है। राशन कार्ड का वितरण राज्य सरकार के खाद्य विभाग द्वारा किया जाता है। प्रत्येक परिवार को उनकी आय की स्थिति के आधार पर विभिन्न प्रकार के राशन कार्ड जारी किए जाते हैं। राशन कार्ड परिवार के मुखिया के नाम पर जारी किया जाता है| परिवार के मुखिया के नाम के साथ राशन कार्ड में परिवार के अन्य सदस्यों का नाम भी सामिल होता है। परिवार में किसी नए सदस्य का नाम को जोड़ने के लिए दो प्रकार की प्रक्रिया उपलब्ध है। इसके लिए ऑनलाइन और ऑफ़लाइन दोनों प्रक्रियाएं उपलब्ध हैं। विवरण नीचे दिया गया हैं। राशन कार्ड में नए सदस्य का नाम ऑनलाइन और ऑफलाइन प्रक्रिया से कैसे जोड़ें जाने चरण दर चरण हमारे साथ।

राशन कार्ड भारतीय नागरिकों के लिए बहुत ही उपयोगी दस्तावेजो में से एक है। यह सब्सिडी दर पर अनिवार्य वस्‍तुएं खरीदने में सहायता करके पैसे बचाने में मदद करता है। राशन कार्ड पहचान का भी अनिवार्य साधन बन गया है। जब आप अन्‍य दस्‍तावेजों के लिए आवेदन करते हैं, जैसे निवास स्‍थान का प्रमाणपत्र, अपना नाम मतदाता सूची में शामिल करने आदि के लिए, तो आप पहचान के प्रमाण के रूप में राशन कार्ड की फोटो कॉपी जमा करा सकते हैं।

राजस्थान में राशन कार्ड का उपयोग

राशन कार्ड एक आवश्यक दस्तावेज है, इसीलिए इसकी आवश्यकता हमें बहुत जगह पर पड़ती है, जिनकी सूचि निचे दी हुई है।

1. राशन दुकान से खाद्य पदार्थ जिसमे गेहू, चावल, शक्कर तथा एलपीजी, केरोसेन खारिदने के लिए

2. बैंक अकाउंट खोलने के लिए

3. स्कूल-कॉलेज में

4. कोर्ट-कचेहरी में

5. मतदान कार्ड बनाने के लिए

6. Mobile Sim Card खरीदने के लिए

7. Passport बनाने के लिए

8. ड्राइविंग लाइसेंस के लिए

9. LPG कनेक्शन के लिए

10. Life Insurance निकालने के लिए

11. सरकारी और निजी कार्यालयों में

हमारे देश में राशन कार्ड भी एक महत्वपूर्ण दस्तावेज की तरह ही है। हमारे देश में लगभग सभी लोगों के पास यह डॉक्यूमेंट निश्चित ही होता है। राशन कार्ड 4 Category के होते है, जो सार्वजनिक वितरण प्रणाली के तहत राज्य सरकार द्वारा जारी किए जाते है।

राजस्थान में राशन कार्ड कितने प्रकार के है

गरीबी रेखा से ऊपर (एपीएल) कार्ड: ये राशन कार्ड उन परिवारों को दिया जाता है, जो गरीबी रेखा से ऊपर रहते हैं।

बीपीएलगरीबी रेखा के नीचे कार्ड: इस प्रकार के कार्ड गरीबी में रहने वाले परिवारों को प्रदान किए जाते हैं।

अंत्योदय अन्न योजना (एएवाई) कार्ड: समाज के आर्थिक रूप से कमजोर वर्गों के लिए एएवाई कार्ड प्रदान किए जाते हैं।

राजस्थान में राशन कार्ड में नाम जोड़ने की ऑनलाइन प्रक्रिया:

1. सबसे पहले आपको राजस्थान  राज्य की राशन कार्ड वेबसाइट में लॉगिन करने की आवश्यकता है।

2. यदि आपके पास लॉगिन प्रमाण-पत्र नहीं हैं, तो आपको पहले साइन अप करने की आवश्यकता है।

3. आपको वेबसाइट में परिवार में नामों को जोड़ने का विकल्प मिलेगा।

4. आपको इसे सही विवरण के साथ भरना होगा क्योंकि गलत विवरण आपके आवेदन को अस्वीकार कर सकता है।

5. राशन कार्ड में किसी अतिरिक्त का नाम जोड़ने के लिए आपको जन्म प्रमाण पत्र या शादी के कार्ड के साथ आवासीय प्रमाण की अवश्यकता होती हैं।

6. वेबसाइट में दस्तावेजों की सूचि उपलब्ध है। आप वहां से जांच सकते हैं, और तदनुसार अपलोड कर सकते हैं।

7. आवेदन जमा करने के बाद आपको सिस्टम द्वारा उत्पन्न संदर्भ संख्या मिलेगी। आपके आवेदन की स्थिति की जांच के लिए बाद में नंबर का उपयोग किया जा सकता है।

8. 1 महीने के भीतर आपको डाक के माध्यम से अपने पंजीकृत पते पर जोड़े गए नामों के साथ नया राशन कार्ड मिलेगा।

राजस्थान में राशन कार्ड में नाम जोड़ने की ऑफलाइन प्रक्रिया:

1. आपको अपने क्षेत्र की राशन खाद्य प्रदायक दुकान पर जाना होगा।

2. आप वहां से नामों को जोड़ने के लिए फॉर्म प्राप्त करेंगे।

3. फॉर्म सावधानी से भरा जाना चाहिए और जिसका नाम जोड़ना है उसका नाम साफ़ भरा होना चाहिए।

4. सभी दस्तावेजों को फॉर्म के साथ परिवार के मुखिया द्वारा कार्यालय में प्रदान किया जाना चाहिए।

5. अतिरिक्त नाम जोड़ने के मामले में आप आवासीय प्रमाण के लिए प्राधिकरण से जन्म प्रमाण पत्र जोड़ सकते हैं।

6. फॉर्म में प्रदान किए गए सभी दस्तावेजों का सत्यापन किया जाएगा। सत्यापन के बाद, आपका फॉर्म जमा कर लिया जाएगा और आपको एक संदर्भ संख्या मिलेगी।

7. ऑफलाइन आवेदन की स्थिति की जांच के लिए नंबर का उपयोग बाद में किया जा सकता है।

8. 1 महीने के भीतर आपको डाक के माध्यम से अपने पंजीकृत पते पर जोड़े गए नामों के साथ नया राशन कार्ड मिलेगा।

नवजात बच्चे का नाम जोड़ने के लिए आवश्यक दस्तावेज़

आवेदक बच्चे के जन्म प्रमाण पत्र की फोटो कॉपी
मूल राशन कार्ड
अभिभावक आईडी प्रमाण
बिजली का बिल।
आय का प्रमाण पत्र।

शादी के बाद नाम जोड़ने के लिए आवश्यक दस्तावेज़

शादी का प्रमाण पत्र
दुल्हन का नामकरण प्रमाण पत्र (माता-पिता राशन कार्ड से)
पति का मूल राशन कार्ड
आधार कार्ड , यदि आधार कार्ड नहीं है तो आधार कार्ड आवेदन का नंबर।
बिजली का बिल।
आय का प्रमाण पत्र।
एलपीजी कनेक्शन का नंबर। (अगर उपलब्ध हो तो)

यदि आप निवास का कोई प्रमाण नहीं दे सकते हैं तो अंचल का एफएसओ आपके पड़ोस के दो स्‍वतंत्र गवाह से विवरण रिकार्ड द्वारा पूछताछ करता है। राशन कार्ड तैयार करने की निर्धारित समय सूची साधारणत:15 से 20 दिनों की होती है। तथापि प्रक्रिया और समय सीमा में एक राज्‍य से दूसरे राज्‍य में अंतर हो सकता है।

राजस्थान में राशन कार्ड बनाने के लिए शुल्क

राशन कार्ड बनाने के लिए शुल्क 3 रुपये से लेकर 45 रुपये तक लिया जाता है। सभी राज्यो का शुल्क अलग अलग होता है। तथा कुछ राज्यो में तत्काल राशन कार्ड के लिए अतरिक्त शुल्क 100 रुपये तक लिया जाता है।

7 thoughts on “राजस्थान राशन कार्ड में नए सदस्य का नाम कैसे जोड़े

  1. क्या राशन कार्ड से नाम कटवाने के बाद वापस जोड़ा नहीं जाता और अगर नहीं जोड़ा जाता है तब फिर क्यों कहते हो कि यह स्वतंत्र भारत है

    1. अगर एक जगह से दुसरी जगह एक राशन से नाम हटा कर दुसरे राशन मे जुड़वाया गया है तो पुन: इसी विधि से नाम जुडवाया जाता है किसी भी भारतवासी का नाम राशन से बिना वजह एकदम से हटाया नही जाता है

  2. क्या एक लड़की जिसकी शादी होगेई हो उसका नाम कटवाना हो और एक बच्चे का नाम जुड़वाना है तो फीस 100+100=200 लगेगी या फ़िर कितनी लगेगी

  3. Shaadi hone ke baad ration card se naam katwane ke liye marriage certificate aur Aadhar card Lagan ke alava aur kya chahiye

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